इस बड़ी डील के बाद फेसबुक अब जियो की सबसे बड़ी शेयरहोल्डर बन गई है

नेहा श्रीवास्तव, इंदौर। 

दुनिया भर में कोरोना वायरस के प्रकोप और कई देशों में लॉकडाउन के बीच बिजनेस वर्ल्ड से एक बड़ी खबर सामने आई है। इसमें जुकरबर्ग ने अपने बिजनेस सोशल मीडिया फेसबुक ने जियो प्लेटफॉर्म्स लिमिटेड में 10 फीसदी की हिस्सेदारी खरीदने का फैसला किया है।

फेसबुक के साथ साझेदारी पर मुकेश अंबानी का रिएक्शन

दरअसल फेसबुक ने बुधवार यानी आज सुबह रिलायंस जियो में बड़ा निवेश का ऐलान किया है। कंपनी जियो में 5.7 बिलियन डॉलर (43,574 करोड़ रुपये) का निवेश की है। इस तरह फेसबुक ने रिलायंस जियो की 10 फीसदी हिस्सेदारी खरीद ली है। रिलायंस जियो ने एक बयान में कहा, “आज हम रिलायंस इंडस्ट्रीज के जियो प्लेटफॉर्म लिमिटेड में फेसबुक के 5.7 बिलियन डॉलर के निवेश की घोषणा करते हैं।” इस बड़ी डील के बाद फेसबुक अब जियो की सबसे बड़ी शेयरहोल्डर बन गई है।

आरआईएल के अध्यक्ष और प्रबंध निदेशक मुकेश अंबानी ने फेसबुक के साथ साझेदारी पर कहा, ”जब रिलायंस ने 2016 में जियो की पेशकश की थी, तब हम भारत के डिजिटल सर्वोदय के सपने से प्रेरित थे- भारत का समावेशी डिजिटल उत्कर्ष, जिससे प्रत्येक भारतीय के जीवन की गुणवत्ता में सुधार हो और भारत दुनिया का अग्रणी डिजिटल समाम बने।  जियो और फेसबुक के बीच तालमेल से ‘डिजिटल इंडिया’ के लक्ष्य को हासिल करने में मदद मिलेगी। उन्होंने विश्वास जताया कि कोरोना वायरस संकट टल जाने के बाद बहुत जल्द भारत की आर्थिक स्थिति में सुधार होगा।” 

इस डील की एक खास बात है, जिस पर लोगों का ध्यान नहीं जा रहा है, वो ये है कि ये डील फेसबुक ने रिलायंस जियो से नहीं, बल्कि जियो प्लेटफॉर्म्स से की है। यानी ये रिलायंस जियो की डील नहीं है, बल्कि जियो प्लेटफॉर्म्स की डील है।

इस सौदे से रिलायंस इंडस्ट्रीज समूह को अपने कर्ज का बोझ कम करने में मदद मिलेगी तथा फेसबुक की भारत में स्थिति और मजबूत होगी।

जुकरबर्ग ने क्या कहा इस डील के बारे में

जुकरबर्ग ने इस खबर को शेयर करते हुए एक पोस्ट लिखा है जिसमें कहा है, “इस समय दुनिया में बहुत कुछ चल रहा है, लेकिन मैं भारत में हमारे काम को लेकर एक अहम बात साझा करना चाहता हूं। फेसबुक अब जियो प्लेफॉर्म्स के साथ जुड़ने जा रहा है। हम एक बड़ा निवेश करने जा रहे हैं और उससे भी बड़ी बात ये है कि हम लोग एक साथ मिलकर कुछ बड़े प्रोजेक्ट्स पर काम करने वाले हैं, जो भारत के लोगों के लिए रोजगार के मौके पैदा करेगा।”

आगे इस बारे में लिखा है कि भारत में फेसबुक और वाट्सऐप की सबसे बड़ी कम्युनिटीज़ हैं और वहां बहुत सारे टैलेंटेड एंट्राप्रेन्योर हैं। देश अभी एक बड़े डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन के बीच में है और जियो जैसी ऑर्गेनाइजेशन ने लाखों लोगों और छोटे कारोबारियों को ऑनलाइन लाने में अहम भूमिका निभाई है।

इस समय यह बहुत ही अहम है, क्योंकि छोटे कारोबारी ही किसी भी इकोनॉमी में सबसे खास होते हैं और अभी उन्हें हमारी मदद की जरूरत है। भारत में 6 करोड़ से भी अधिक छोटो कारेबारी हैं और करोड़ों ऐसे लोग हैं जो नौकरी के लिए उन पर निर्भर हैं। दुनिया में लॉकडान के इस वक्त में इनमें से बहुत सारे एंट्राप्रेन्योर्स को ऐसे डिजिटल टूल की जरूरत है, जिस पर वह अपने ग्राहकों को ढूंढने और बात करने के लिए भरोसा कर सकें।

यहां पर उन सबकी मदद कर सकते हैं और इसलिए हम जियो के साथ पार्टनरशिप कर रहे हैं, ताकि लोगों और कारोबारियों की मदद की जा सके, जिससे नए मौके पैदा किए जा सकें। मैं मुकेश अंबानी और पूरी जियो टीम को इस पार्टनरशिप के लिए धन्यवाद कहना चाहता हूं। हम इस ओर कदम बढ़ाने के लिए आगे बढ़ रहे हैं।

जियो प्लेटफार्म्स, रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड (आरआईएल) के पूर्ण स्वामित्व वाली सहायक कंपनी है, जो तमाम प्रकार की डिजिटल सेवाएं प्रदान करती है। इसके ग्राहकों की संख्या 38.8 करोड़ से अधिक है। 



admin