गारफील्ड की हालत देख लीजिये… इंदौर इससे ज्यादा दूर नहीं

लॉस एंजिल्स ।

कोरोना से ग्रस्त इस अमेरिकी शख्स के फेफड़े संक्रमित, किडनी-लिवर फेल, काटनी पड़ी हाथों की ज्यादातर अंगुलियां

कोरोना के विश्वव्यापी संकट के 6-7 महीनों में दुख, दर्द और हैरान करने वाली कई घटनाएं सामने आ चुकी हैं। अब ऐसी ही एक घटना अमेरिका में हुई है। लॉस एंजिल्स में रहने वाले ग्रेग गारफील्ड कोरोना संक्रमित हो गए। वह इतने गंभीर रूप से बीमार हो गए कि उन्हें 64 दिनों तक बरबैंक अस्पताल में भर्ती रहना पड़ा। 31 दिनों तक ग्रेग वेंटिलेटर पर रहे। संक्रमण ने उनके शरीर को इतनी बुरी तरह प्रभावित किया कि डॉक्टरों को उनके हाथों की ज्यादातर अंगुलियां काटनी पड़ीं। यह केस हम सबके के लिए एक सबक है।

ऐसे बिगड़े हालात…

54 साल के ग्रेग महामारी के शुरुआती दिनों में ही संक्रमित हो गए थे। अपने दोस्तों के साथ वह फरवरी में इटली घूमने गए थे। वहां उनके कुछ दोस्त कोरोना पॉजिटिव हो गए।

अमेरिका आने के बाद ग्रेग भी बीमार पड़ गए। बरबैंक के प्रोविडेंस सेंट जोसेफ मेडिकल सेंटर में कोरोना के पहले मरीज के तौर पर उनको भर्ती किया गया।

48 घंटे में ही ग्रेग की हालत बिगड़ गई। उन्हें वेंटिलेटर पर रखना पड़ा। डॉक्टर ने उनके बचने का अनुमान महज एक फीसदी लगाया।

ग्रेग के शरीर में कई दिक्कतें होने लगीं। फेफड़े गंभीर रूप से संक्रमित हो गए। किडनी और लिवर भी फेल हो गया।

संक्रमण ने उनके शरीर को इतनी बुरी तरह प्रभावित किया कि खून के प्रवाह में दिक्कत पैदा हो गई। इस वजह से उनकी कई अंगुलियां काटनी पड़ीं।

ये लापरवाहियां…मत करिये

इंदौर में लगातार बढ़ रहे पॉज़िटिव मरीजों की संख्या से सबक लेने का वक़्त है। मगर लोग बिना मास्क लगाए बेपरवाही से सब्जी मंडियों में घूम रहे हैं। किराना स्टोर्स पर भीड़ लगा रहे हैं। स्टडी के मुताबिक सबसे ज्यादा संक्रमण इसी तरह फैल रहा है।सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने में भी कोताही बरती जा रही है। जिम्मेदार जनप्रतिनिधि भी अपनी राजनीति के चक्कर में पार्टी कार्यालयों और अन्य स्थानों पर लोगों की सेहत के साथ खिलवाड़ करते हुए बैठकें कर रहे हैं।बाजारों में भीड़ बढ़ाने में भी हम पीछे नहीं है। बिना काम घरों से निकलने का शौक पूरा करने के चक्कर में खुद के साथ परिवार और परिवार से जुड़े लोगों की जान को संकट में डाल रखा है।

admin